UP Budget Session 2026: उत्तर प्रदेश की सियासत का सबसे बड़ा मंच आज अंगारे उगलने को तैयार है! 9 फरवरी से शुरू हो रहा विधानसभा का बजट सत्र सिर्फ आंकड़ों का खेल नहीं, बल्कि सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आर-पार की जंग का मैदान बनने जा रहा है।
UP Budget Session 2026: बजट सत्र या सियासी संग्राम का आगाज़?
आपको बता दें, आज अखिलेश यादव की अगुवाई में समाजवादी पार्टी ने सरकार को चारों तरफ से घेरने की रणनीति बना ली हैं। सूत्रों की मानें तो आज सदन में समाजवादी पार्टी उनके समर्थको के वोटर लिस्ट में नाम काटे जाने के मुद्दे को जोर-शोर से उठाएगी। “सोना इतना महंगा हो गया है कि गरीब पीतल पहनेगा”—अखिलेश के इस तंज के साथ सपा महंगाई, खासकर खाद और बिजली की कीमतों पर सरकार को घेरेगी। तो वहीं युवाओं की नौकरिया और पेपर लीक जैसे पुराने ज़ख्मों को फिर से कुरेदने की तैयारी समाजवादी पार्टी ने कर ली है। (UP Budget Session 2026)
फिलहाल, अखिलेश की सेना ने अमेरिका के साथ हालिया व्यापारिक समझौतों को किसानों और MSME के लिए ‘मौत का फरमान’ करार दिया है। जिसको आज संसद में उठाकर नेता विपक्ष योगी सरकार को चारो खाने चित करने की कोशिश करेंगी।
आपको बता दें, विधानसभा के बाहर और भीतर सुबह से ही गर्माहट महसूस की जा रही है। सपा विधायकों ने सदन की सीढ़ियों पर ही धरना-प्रदर्शन और नारेबाज़ी का प्लान बनाया है। लाल टोपी का सैलाब आज सदन के वेल (Well) तक पहुँचने की संभावना है। जहाँ सरकार 11 फरवरी को 9 लाख करोड़ का ऐतिहासिक बजट पेश करने की तैयारी में है, वहीं विपक्ष का कहना है कि यह “पर्दे के पीछे बैठे रईसों” का बजट है। (UP Budget Session 2026)









