Bihar Begusarai Gang Rape Case: बिहार के बेगूसराय जिले में एक महिला के साथ पांच लोगों द्वारा सामूहिक बलात्कार और गंभीर क्रूरता की दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। डॉक्टरों ने इलाज के दौरान महिला के प्राइवेट पार्ट से एक जिंदा कारतूस, पत्थर और लकड़ी का टुकड़ा बाहर निकाला है। यह खौफनाक मामला जून 2026 के मध्य में सामने आया, जिसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है।
Bihar Begusarai Gang Rape Case: प्राइवेट पार्ट में कारतूस, पत्थर और लकड़ी ठूंसने का आरोप
यह दर्दनाक घटना बिहार के बेगूसराय जिले के चकिया थाना क्षेत्र में 11 जून की रात को हुई। पीड़िता के अनुसार, जब वह शौचालय जाने के लिए घर से बाहर निकली थी। तब पांच पुरुषों ने उसके पास आकर उसे काबू में कर लिया और घसीटकर एक सुनसान जगह पर ले गए, जिसके बाद बदमाशों ने इस घिनौनी और क्रूर वारदात को अंजाम दिया।
पीड़िता के अनुसार, बदमाशों ने महिला के कपड़े (ब्लाउज और साड़ी) से ही उसके हाथ-पैर बांध दिए। उसे चिल्लाने से रोकने के लिए उसका मुंह बंद कर दिया और उसके शरीर पर ब्लेड से कई वार भी किए। इसके बाद आरोपियों ने बारी-बारी से उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया और उसके प्राइवेट पार्ट में कारतूस, कंकड़-पत्थर और लकड़ी ठूंस दी।
इलाज के दौरान डॉक्टरों ने निकालीं चौंकाने वाली वस्तुएं
महिला को गंभीर हालत में उसके परिजनों ने अस्पताल पहुंचाया था। शुरुआत में डॉक्टरों को लगा कि दर्द केवल चोट और बलात्कार के कारण है, इसलिए प्राथमिक उपचार के बाद 12 जून को उसे छुट्टी दे दी गई। घर लौटने के बाद भी महिला का दर्द बंद नहीं हुआ और वह लगातार तड़पती रही। 17 जून को जब दर्द बर्दाश्त से बाहर हो गया, तो परिजन उसे दोबारा सदर अस्पताल लेकर आए। वहां डॉक्टरों ने जब उसका अल्ट्रासाउंड और गहन परीक्षण किया, तो शरीर के अंदर बाहरी चीजें फंसी होने की बात सामने आई। (Bihar Begusarai Gang Rape Case)
परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही के लगाए गंभीर आरोप
डॉक्टरों ने ऑपरेशन करके महिला के शरीर से जिंदा कारतूस (बुलेट), गिट्टी-पत्थर और लकड़ी के टुकड़े को बाहर निकाला। वर्तमान में महिला की हालत गंभीर बनी हुई है और अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है। परिजनों और पीड़िता ने शुरुआत में चकिया थाना पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि घटना के तुरंत बाद जब वे शिकायत लेकर गए, तो पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया और शुरुआत में बलात्कार के बजाय केवल मारपीट का मामला दर्ज किया।अस्पताल से यह भयानक सच्चाई सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया है।
डीएसपी के नेतृत्व में गठित हुई विशेष जांच टीम
मामले की गंभीरता को देखते हुए बेगूसराय के सदर डीएसपी (DSP) आनंद कुमार पांडेय के नेतृत्व में एक हाई-लेवल जांच टीम बनाई गई है। पुलिस फोरेंसिक और वैज्ञानिक तरीकों की मदद से मामले की तहकीकात कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की पहचान कर ली गई है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा। इसके साथ ही, शुरुआत में लापरवाही बरतने वाले दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई करने की बात कही गई है। (Bihar Begusarai Gang Rape Case)









