देश में काफी समय से धर्म परिवर्तन को लेकर आए दिन केस सामने आते रहते हैं। एक ऐसी ही घटना उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से सामने आई है। लखनऊ के प्रतिष्ठित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। जिसके बाद शासन और प्रशासन के अलावा महिला आयोग भी पूरी तरह से एक्टिव हो गया है। दरअसल, लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में धर्मातरण का मामला सामने आया है। प्रेम विवाह से पहले एक हिंदू रेजिडेंट से धर्म बदलने का दबाव डाला गया। यह दबाव साथ में पढ़ने वाले रेजिडेंट डॉक्टर ने डाला। महिला ने धर्मातरण का विरोध किया तो प्रेमी ने उसे छोड़ दिया। जिसके बाद परिवारीजनों का आरोप है कि आरोपित ने उनकी बेटी को प्रेमजाल में फंसाया और शोषण किया। जब शादी की बात आई, तब उसने धर्म परिवर्तन का दबाव डाला। विरोध करने पर महिला मानसिक रूप से परेशान हो गई। तनाव में आकर उसने खुदकुशी का प्रयास किया।

KGMU कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल
जहां इस घटना ने KGMU प्रशासन और कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। तो वहीं छात्रा के बयानों के बाद यह आशंका जताई जा रही है कि क्या कैंपस में कोई संगठित सिंडिकेट सक्रिय है जो छात्र-छात्राओं को धर्मांतरण के लिए निशाना बना रहा है। फिलहाल मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने FIR दर्ज कर ली है। मुख्य आरोपी डॉक्टर फिलहाल फरार बताया जा रहा है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें छापेमारी कर रही हैं।
घटना के विरोध में रेजिडेंट डॉक्टर्स और छात्रों के बीच गहरा रोष देखा जा रहा है। छात्रों का कहना है कि शिक्षा के मंदिर में इस तरह की गतिविधियां बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। हिंदू संगठनों ने भी मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी है।









