Lakhimpur Kheri: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखीमपुर खीरी जिले के मुस्तफाबाद गाँव का नाम बदलकर कबीरधाम करने का प्रस्ताव दिया है। उन्होंने 27 अक्टूबर 2025 को ‘स्मृति महोत्सव मेला’ के दौरान यह घोषणा की।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को मुस्तफाबाद गांव में स्मृति प्राकट्योत्सव मेला 2025 में भाग लेते हुए संत कबीर दास से जुड़े ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व का हवाला देते हुए गांव का नाम बदलकर कबीरधाम करने के प्रस्ताव की घोषणा की।
कार्यक्रम में बोलते हुए उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों ने उन्हें बताया कि मुस्तफाबाद में कोई मुस्लिम आबादी नहीं है, जिसके कारण उन्होंने गांव के वर्तमान नाम पर सवाल उठाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब मैंने इस गांव का नाम पूछा तो पता चला कि यह मुस्तफाबाद है। मैंने यहां मुस्लिम आबादी के बारे में पूछताछ की तो मुझे बताया गया कि यहां कोई नहीं रहता। इसलिए मैंने सोचा कि जब यहां कोई मुस्लिम नहीं रहता तो इसका नाम कबीरधाम रख देना चाहिए। हम इसकी असली पहचान बहाल करने के लिए एक प्रस्ताव लाएंगे।

सीएम योगी ने कांग्रेस पर साधा निशाना (Lakhimpur Kheri)
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आदित्यनाथ ने पिछली सरकारों पर सांस्कृतिक पहचान को विकृत करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने अयोध्या को फैजाबाद, प्रयागराज को इलाहाबाद और कबीरधाम को मुस्तफाबाद बना दिया। जब हम सत्ता में आए, तो हमने इन स्थानों की वास्तविक पहचान बहाल की। सीएम योगी ने इलाहाबाद का नाम प्रयागराज और फैजाबाद का नाम अयोध्या करने के अपने सरकार के पहले के प्रयासों का जिक्र किया।

लखीमपुर खीरी जिले में आयोजित इस कार्यक्रम में संत कबीर की विरासत का जश्न मनाया गया। प्रस्तावित नाम परिवर्तन का उद्देश्य 15वीं शताब्दी के कवि-संत के भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिकता में योगदान को सम्मान देना है। खबरों के अनुसार, गाँव के लोगों ने नाम बदलने के इस फैसले का स्वागत किया है और उम्मीद जताई है कि इससे विकास को बढ़ावा मिलेगा। (Lakhimpur Kheri)









