Uttar Pradesh: जब पूरी दुनिया सो रही थी, तब भ्रष्टाचार के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ का पहरा जाग रहा था। सीबीआई की टीम ने बुंदेलखंड के उरई और चित्रकूट में एक साथ धावा बोलकर रेलवे भर्ती में चल रहे घूसखोरी के बड़े खेल को तहस-नहस कर दिया।
आपको बता दें, सीबीआई की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर आधी रात को छापेमारी की। यह रेड इतनी गोपनीय थी कि भ्रष्ट अधिकारियों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। इस कार्रवाई में DEE (डिवीजनल इलेक्ट्रिकल इंजीनियर) जैसे रसूखदार पद पर बैठे अधिकारी समेत तीन बड़े अफसरों को दबोच लिया गया है। आरोप है कि ये अधिकारी रेलवे भर्ती में युवाओं के भविष्य का सौदा कर रहे थे और रिश्वत की मोटी रकम डकार रहे थे। (Uttar Pradesh)
Uttar Pradesh: योगी का ‘जीरो टॉलरेंस’ मॉडल
यह छापेमारी उन सभी के लिए एक कड़ा संदेश है जो सरकारी कुर्सी पर बैठकर जनता को लूटने का ख्वाब देखते हैं। योगी सरकार का स्पष्ट निर्देश है— “भ्रष्टाचार किया तो बख्शे नहीं जाओगे।” चाहे विभाग केंद्र का हो या राज्य का, उत्तर प्रदेश की धरती पर बेईमानी के लिए कोई जगह नहीं है। (Uttar Pradesh)
सुबह होते-होते, वे अधिकारी जो कल तक रौब झाड़ते थे, आज सिर झुकाए हथकड़ियों में नजर आए। यह उत्तर प्रदेश का नया चेहरा है—जहाँ गड़बड़ी की भनक मिलते ही सीधा प्रहार होता है। उत्तर प्रदेश की धरती पर युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले हैवानों का अंत अब कालकोठरी ही है। योगी का जीरो टॉलरेंस मोड ऑन है, और अब बारी अगले बेईमान की है।









