Akhilesh Yadav on Nepal Gen Z Protest: समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग को चेतावनी दी है कि अगर वोट चोरी की कोशिशें हुईं तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं और सार्वजनिक अशांति फैल सकती है। उन्होंने अपने बयान में नेपाल के हालिया जनरेशन जेड विरोध प्रदर्शनों का उल्लेख किया, जहां प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध किया था।
अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव आयोग की जिम्मेदारी है कि वह सुनिश्चित करे कि वोट चोरी न हो और अगर ऐसी घटनाएं होती हैं तो लोग सड़कों पर उतर सकते हैं।
विरोध प्रदर्शन की पृष्ठभूमि
नेपाल में हाल ही में हुए जनरेशन जेड विरोध प्रदर्शनों में 51 लोगों की मौत हो गई है, जिनमें से 30 लोग गोली लगने से मारे गए। सरकार द्वारा कर राजस्व और साइबर सुरक्षा पर चिंताओं का हवाला देते हुए प्रमुख सोशल मीडिया प्लेटफार्मों पर प्रतिबंध लगाने के बाद ये विरोध प्रदर्शन शुरू हुए थे।
अखिलेश यादव का बयान
अखिलेश यादव ने कहा कि यह सुनिश्चित करना चुनाव आयोग की जिम्मेदारी है कि कहीं भी कोई वोट चोरी न हो। हर कोई जानता है कि जब वे वोट चोरी के जरिए चुनाव नहीं जीत सके, तो उन्होंने रिवॉल्वर के बल पर वोट रोकने की कोशिश की। अगर ऐसी घटनाएं होती हैं, तो संभव है कि यहां के लोग सड़कों पर उतर आएं, जैसा कि हमारे पड़ोसी देशों में हुआ। उन्होंने आगे कहा कि लखनऊ को स्वच्छता में तीसरा स्थान देने वाली एजेंसी के खिलाफ एफआईआर दर्ज होनी चाहिए, क्योंकि इससे लखनऊ, आगरा, मथुरा और वृंदावन को नुकसान हो रहा है।
कांग्रेस और राहुल गांधी की भूमिका
कांग्रेस और राहुल गांधी के नेतृत्व वाला इंडिया ब्लॉक कथित “वोट चोरी” को लेकर मुखर रहा है। राहुल गांधी ने 2024 के लोकसभा चुनावों में बड़े पैमाने पर चुनावी धोखाधड़ी का दावा किया है और 1 लाख से ज्यादा फर्जी मतदाताओं का हवाला दिया है। उन्होंने मतदान में हेराफेरी के कथित तरीकों का उल्लेख किया, जिनमें डुप्लिकेट मतदाता, फर्जी पते, थोक पंजीकरण, अवैध फोटो और फॉर्म 6 का दुरुपयोग शामिल है।
कांग्रेस ने एक समर्पित वेबसाइट और कॉल-इन नंबर के साथ “वोट चोरी” अभियान शुरू किया है, , जिसमें नागरिकों से पारदर्शी मतदाता सूची की मांग का समर्थन करने का आग्रह किया गया। तृणमूल कांग्रेस और समाजवादी पार्टी सहित भारतीय ब्लॉक इस अभियान का समर्थन कर रहा है, तथा बिहार में वोट अधिकार यात्रा जैसे कार्यक्रमों की योजना बना रहा है, जहां शीघ्र ही चुनाव होने वाले हैं।
EC ने राहुल गांधी के दावों को बताया झूठा और भ्रामक
चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के दावों को “झूठा और भ्रामक” करार दिया तथा उनसे शपथ पत्र प्रस्तुत करने या माफी मांगने को कहा। साथ ही निजता की चिंता के कारण पीडीएफ प्रारूप में मतदाता सूची उपलब्ध होने का हवाला दिया।









