अयोध्या में प्रभु श्री राम के भव्य मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा की आज दूसरी वर्षगांठ है। इस ऐतिहासिक अवसर पर पूरी धर्मनगरी उत्सव के रंग में सराबोर हो गई है। आज सुबह से ही राम जन्मभूमि परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच रामलला का विशेष विधि-विधान से अभिषेक किया जा रहा है।
इस गौरवशाली समारोह में सम्मिलित होने के लिए देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अयोध्या पहुँच रहे हैं। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, दोनों नेता रामलला के दरबार में हाजिरी लगाएंगे और मुख्य अनुष्ठान में भाग लेंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए इसे ‘भक्ति और राष्ट्र गौरव’ का संगम बताया है।

27 दिसंबर से जारी हैं धार्मिक अनुष्ठान
राम मंदिर ट्रस्ट के अनुसार प्राण प्रतिष्ठा द्वादशी से जुड़े धार्मिक अनुष्ठान 27 दिसंबर से प्रारंभ हो चुके हैं। पूजा-पाठ, हवन और विशेष धार्मिक क्रियाएं 2 जनवरी 2026 तक चलेंगी। इन आयोजनों के माध्यम से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभव कराने की व्यवस्था की गई है। हिंदू पंचांग के अनुसार इस वर्ष पौष शुक्ल द्वादशी यानी आज पड़ रही है। इसी दिन राम मंदिर में मुख्य समारोह आयोजित किया जाएगा। मंदिर परिसर में विशेष पूजा और वैदिक अनुष्ठान होंगे, जिन्हें जगद्गुरु माधवाचार्य की देखरेख में संपन्न कराया जाएगा।

अयोध्या की सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद
महोत्सव की संवेदनशीलता और वीआईपी मूवमेंट को देखते हुए अयोध्या की सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा बलों की तैनाती है और ड्रोन के ज़रिए मंदिर परिसर की निगरानी की जा रही है। राम पथ और भक्ति पथ को फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया है, जिससे अयोध्या का दृश्य त्रेतायुग की दीपावली जैसा प्रतीत हो रहा है।
जहां श्रद्धालुओं में इस दिन को लेकर भारी उत्साह है और सुबह से ही लंबी कतारें दर्शन के लिए लगी हुई हैं। तो वहीं प्रशासन ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए विशेष प्रबंध किए हैं ताकि भक्त सुगमता से दर्शन कर सकें।









