Captain Smit Machchhar: आसमान में हजारों फीट की ऊंचाई पर जब एक विमान मौत की तरफ बढ़ रहा था, तब एक भारतीय जांबाज ने अपनी जान की परवाह न करते हुए 174 यात्रियों को एक भयानक त्रासदी से बचा लिया। यह हैरान कर देने वाली साहसिक कहानी फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 की है, जिसमें भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार ने अदम्य साहस का परिचय दिया। इस घटना के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित दुनिया भर के दिग्गज नेता उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे हैं।
Captain Smit Machchhar: आसमान में मौत का तांडव- जब कॉकपिट बना जंग का मैदान
यह घटना बुधवार, 30 सितंबर 2026 की है, जब फ्लाईदुबई का बोइंग 737 मैक्स 8 विमान दुबई से तेल अवीव (इजरायल) के लिए उड़ान भर चुका था। उड़ान के करीब दो घंटे बाद अचानक कॉकपिट के अंदर का माहौल खौफनाक हो गया। विमान की कमान संभाल रहे अनुभवी भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार (Captain Smit Machchhar) पर उनके ही ओमानी को-पायलट ने अचानक चाकू से जानलेवा हमला कर दिया।
हमलावर को-पायलट विमान का नियंत्रण अपने हाथ में लेकर उसे क्रैश कराना चाहता था। हमले के दौरान कॉकपिट में हर तरफ खून फैल गया। कैप्टन स्मित के सिर और हाथों पर गंभीर चोटें आईं और बहुत खून बहने लगा।
सिर्फ 1 मिनट और 14,000 फीट का खतरनाक गोता
कॉकपिट में मची इस जंग के दौरान विमान अचानक अनियंत्रित हो गया। फ्लाइट डेटा के अनुसार, विमान महज एक मिनट के भीतर 33,000 फीट से गिरकर 17,000 फीट पर आ गया। केबिन के अंदर बैठे 174 यात्रियों में चीख-पुकार मच गई और लोग अपनी मौत को सामने देखने लगे। कॉकपिट से आने वाली चीखों ने यात्रियों के डर को और बढ़ा दिया था।
घायल जांबाज ने ऐसे टाला दूसरा ‘9/11’
गंभीर रूप से घायल होने और शरीर से लगातार खून बहने के बावजूद कैप्टन स्मित मच्छार (Captain Smit Machchhar) ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने न केवल हमलावर सह-पायलट का डटकर मुकाबला किया, बल्कि अपनी सूझबूझ से कॉकपिट का दरवाजा अनलॉक कर दिया। दरवाजा खुलते ही केबिन क्रू और यात्रियों को अंदर आने का मौका मिल गया।
विमान में यात्री के रूप में सफर कर रहे इजरायली नागरिक यानिव हयून और केबिन क्रू ने तुरंत कॉकपिट में घुसकर हमलावर को-पायलट को दबोच लिया और उसे काबू किया। इसी फ्लाइट में दो अन्य ऑफ-ड्यूटी पायलट भी यात्रा कर रहे थे। उन्होंने तुरंत विमान का कंट्रोल अपने हाथों में लिया और विमान को सऊदी अरब के तबूक हवाई अड्डे पर सुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग कराई।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने की साहस की सराहना
भारतीय पायलट के इस अभूतपूर्व शौर्य की गूंज भारत के राजनीतिक गलियारों में भी सुनाई दी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर कैप्टन स्मित मच्छार के जज्बे को सलाम किया।
सीएम योगी ने कहा, “गंभीर खतरे के सामने कैप्टन स्मित मच्छार ने जिस बहादुरी और ड्यूटी के प्रति जिम्मेदारी का परिचय दिया, वह बेहद सराहनीय है। फ्लाइट में हुई घटना के दौरान गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन मच्छार डटे रहे और विमान में सवार लोगों की जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनका साहस, निर्णय क्षमता और कर्तव्यनिष्ठा हमेशा याद रखी जाएगी। मैं प्रभु श्री राम से उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूँ।”
सीएम योगी के अलावा देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने भी कैप्टन के साहस की सराहना करते हुए कहा कि उनके इस पराक्रम पर 140 करोड़ भारतीयों का सिर गर्व से ऊंचा हो गया है।
वैश्विक नेताओं ने भी किया सलाम
इस घटना के बाद इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कैप्टन स्मित मच्छार (Captain Smit Machchhar) से मुलाकात करने वाले यात्रियों के हवाले से उन्हें सच्चा नायक बताया। नेतन्याहू ने कहा कि अगर भारतीय कैप्टन ने बहादुरी न दिखाई होती, तो यह एक बड़ा ‘9/11 जैसा हादसा’ बन सकता था। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी जांबाज पायलट की वीरता को सलाम किया है।
अस्पताल में इलाज जारी, हालत स्थिर
फ्लाइट की सुरक्षित लैंडिंग के बाद सऊदी अरब की सुरक्षा एजेंसियों ने हमलावर ओमानी को-पायलट को तुरंत गिरफ्तार कर लिया, जिससे पूछताछ जारी है। शुरुआती जांच में इजरायली अधिकारियों ने दावा किया है कि हमलावर को-पायलट कट्टरपंथी विचारधारा से प्रेरित था। वहीं, गंभीर रूप से घायल कैप्टन स्मित मच्छार (Captain Smit Machchhar) को तबूक के स्थानीय अस्पताल में सर्जरी के बाद बेहतर इलाज के लिए संयुक्त अरब अमीरात (UAE) एयरलिफ्ट किया गया है। रियाद में स्थित भारतीय दूतावास लगातार उनके परिवार और डॉक्टरों के संपर्क में है और उनकी स्थिति अब खतरे से बाहर और स्थिर बताई जा रही है।
मुंबई के घाटकोपर के रहने वाले कैप्टन स्मित के इस हौसले ने पूरी दुनिया को भारतीय वीरों की मिट्टी का अहसास करा दिया है। कैप्टन स्मित मच्छार (Captain Smit Machchhar) को कमर्शियल एविएशन में 13 साल से अधिक का अनुभव है। उनके नाम 9,500 से ज्यादा घंटे की उड़ान का अनुभव दर्ज है। फ्लाईदुबई से जुड़ने से पहले उन्होंने 11 साल से अधिक समय तक स्पाइसजेट में काम किया, जहां वह लाइन ट्रेनिंग कैप्टन के पद पर कार्यरत थे। जून 2022 में उन्होंने फ्लाईदुबई का रुख किया। संकट की घड़ी में उनके साहस, धैर्य और पेशेवर सूझबूझ की चारों तरफ सराहना हो रही है।









