By-Vaishali
Cough syrup row: कोडीन आधारित कफ सिरप की तस्करी के मामले को लेकर समाजवादी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी के बीच राजनीतिक विवाद गहरा गया है। समाजवादी पार्टी ने मंगलवार को लखनऊ स्थित अपने कार्यालय के बाहर होर्डिंग्स लगाकर एनडीए (NDA) सरकार पर निशाना साधा है। इन पोस्टरों के माध्यम से पार्टी ने सत्तारूढ़ दल पर तस्करी को संरक्षण देने का आरोप लगाया है।
Cough syrup row: समाजवादी पार्टी का हमला
होर्डिंग्स में समाजवादी पार्टी और एनडीए को एक साथ दिखाया गया, जहां समाजवादी पार्टी ने पीडीए को “पैरामेडिकल एंड मेडिकल डेवलपमेंट अलायंस” के रूप में परिभाषित किया। वहीं एनडीए को “नेशनल ड्रग डिफॉल्टर माफिया अलायंस” का नाम दिया गया, जो सत्तारूढ़ गठबंधन के प्रति पार्टी की स्पष्ट आलोचना को दर्शाता है। यह कदम कोडीन आधारित कफ सिरप मामले को लेकर भाजपा और समाजवादी पार्टी के बीच बढ़ते राजनीतिक टकराव के बीच आया है, जिसने राज्य के राजनीतिक हलकों में व्यापक बहस छेड़ दी है।
योगी आदित्यनाथ का रुख
सोमवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य विधानसभा में इस मुद्दे पर बोलते हुए कहा कि कोडीन युक्त कफ सिरप के सेवन से उत्तर प्रदेश में किसी की मौत नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि इस मामले से मादक द्रव्यों और मनोरोगी पदार्थों (NDPC) अधिनियम के तहत सख्ती से निपटा जा रहा है। (Cough syrup row)
मुख्यमंत्री योगी ने अब तक की कार्रवाई का विवरण देते हुए बताया कि इस मामले में 79 मामले दर्ज किए गए हैं, 225 आरोपियों की पहचान की गई है और 78 गिरफ्तारियां की गई हैं। उन्होंने सदन को यह भी बताया कि चल रही जांच के तहत 134 फर्मों पर छापेमारी की गई है।
मुख्यमंत्री ने आगे आरोप लगाया कि जांच आगे बढ़ने पर समाजवादी पार्टी से संबंध सामने आ सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस मामले में कोई भी आरोपी बच नहीं पाएगा और चिंता मत करो, जब समय आएगा तो बुलडोजर चलाने की भी तैयारी कर ली जाएगी। तब शिकायत मत करना। (Cough syrup row)
अखिलेश यादव पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि देश के अंदर दो नमूने है, एक दिल्ली में बैठता है और दूसरा लखनऊ में। देश में कोई चर्चा होते ही वे तुरंत देश छोड़कर भाग जाते हैं और मुझे लगता है कि आपके ‘बबुआ’ के साथ भी यही हो रहा है। वे भी इंग्लैंड की यात्रा के लिए फिर से देश छोड़ देंगे और आप लोग यहां शोर मचाते रहेंगे।
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सपा पर साधा निशाना
इससे पहले रविवार को उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा था कि समाजवादी पार्टी को लेकर अब कई सवाल उठ रहे हैं और आरोप लगाया था कि पार्टी 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले गहरी निराशा का सामना कर रही है। (Cough syrup row)
मौर्य ने दावा किया कि समाजवादी पार्टी की राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को बड़ा झटका लगा है और आरोप लगाया कि उसके नेतृत्व ने जनता का विश्वास खो दिया है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के चारों ओर अब कई सवाल खड़े हो गए हैं। 2027 में वे सैफई लौटने की योजना बना रहे हैं, क्योंकि वे पूरी तरह से निराश हैं।
अखिलेश यादव की कड़ी प्रतिक्रिया
दूसरी ओर, समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने शनिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोडीन सिरप विवाद पर बात करते हुए दावा किया कि यह रैकेट प्रधानमंत्री के निर्वाचन क्षेत्र से शुरू हुआ था। उन्होंने कहा कि राज्य का मुख्यमंत्री झूठ बोलता है, और उसके साथ खड़े लोग भी झूठ बोलते हैं।
आप कल्पना भी नहीं कर सकते कि प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र से अवैध कफ सिरप का कारोबार चल रहा है और यह हजारों करोड़ रुपये का है। यह एक अंतरराष्ट्रीय मुद्दा है। उन्होंने मामले में शामिल सभी माफियाओं पर, चाहे वे किसी भी दल के हों, बुलडोजर कार्रवाई की मांग की है।(Cough syrup row)
आरोपियों के संबंध समाजवादी पार्टी से: सीएम योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इन आरोपों को खारिज करते हुए दावा किया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों के संबंध समाजवादी पार्टी से हैं। उन्होंने विधानसभा में कहा कि मुख्य आरोपी की फर्म को लाइसेंस सपा सरकार के कार्यकाल के दौरान दिया गया था। इस मुद्दे को लेकर उत्तर प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र (दिसंबर 2025) के दौरान भारी हंगामा हुआ। सपा विधायकों ने सदन में कफ सिरप के कटआउट और प्रतीकों के साथ विरोध प्रदर्शन किया। (Cough syrup row)
मामले की जांच के लिए SIT का गठन
राज्य सरकार ने इस मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) भी वित्तीय लेन-देन और मनी लॉन्ड्रिंग के कोण से जांच कर रहा है। यह मामला ₹2,000 करोड़ से अधिक के अवैध सिंडिकेट से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसमें कोडीन सिरप को उत्तर प्रदेश से अन्य राज्यों और नेपाल व बांग्लादेश जैसे देशों में तस्करी किया जाता था। (Cough syrup row)









