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गैंगेस्टर विकास दुबे की पत्नी पहुंची हाई कोर्ट, वेब सीरीज ‘UP 77’ की रिलीज पर रोक की मांग, केंद्र और OTT को नोटिस जारी

Web Series UP 77

By-Vaishali

Web Series UP 77: दिल्ली उच्च न्यायालय ने मंगलवार को आगामी वेब सीरीज ‘यूपी 77’ (UP 77) की रिलीज पर रोक लगाने की मांग वाली याचिका पर केंद्र सरकार और निर्माताओं को नोटिस जारी किया है। यह याचिका गैंगस्टर विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे द्वारा दायर की गई है।

Web Series UP 77: दिल्ली उच्च न्यायालय का महत्वपूर्ण निर्णय

याचिका में आरोप लगाया गया है कि यह सीरीज विकास दुबे के जीवन और उनकी निजी व वैवाहिक जिंदगी पर आधारित है, जिसके लिए उनकी अनुमति नहीं ली गई है। साथ ही, इसे मानहानिकारक और सनसनीखेज बताया गया है। यह वेब सीरीज 25 दिसंबर 2025 को ओटीटी प्लेटफॉर्म ‘वेव्स’ (Waves OTT) पर रिलीज होने वाली है।

याचिका में आरोप लगाया गया है कि सीरीज में संवेदनशील घटनाओं का जिक्र है, जो अभी भी कानूनी और सार्वजनिक जांच के दायरे में हैं। इस मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति सचिन दत्ता ने की, जिन्होंने केंद्र सरकार और वेब सीरीज के निर्माताओं को नोटिस जारी किया। मामले की सुनवाई बुधवार को होगी।

विकास दुबे की विधवा ऋचा ने संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत याचिका दायर की है। उनकी ओर से अधिवक्ता अजरा खान पेश हो रही हैं। याचिकाकर्ता ने अदालत से वेब सीरीज के प्रमाणीकरण, रिलीज, स्ट्रीमिंग, प्रचार और प्रदर्शन पर रोक लगाने का अनुरोध किया है। यह वेब सीरीज वेव्स ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज होने वाली है। (Web Series UP 77)

क्या है संविधान का अनुच्छेद 21? 

याचिका में आरोप लगाया गया है कि याचिकाकर्ता से उसकी और उसके परिवार से जुड़े पहचान योग्य पात्रों, नामों, रिश्तों, घटनाओं और निजी मामलों को दर्शाने के लिए कभी भी लिखित, मौखिक या निहित सहमति नहीं मांगी गई और न ही प्राप्त की गई।

यह दावा किया गया है कि श्रृंखला उसके जीवन के अत्यंत निजी पहलुओं को सनसनीखेज और काल्पनिक रूप देती है, जिसमें वैवाहिक घर के भीतर की घटनाएं और उसके पति की मृत्यु के बाद की घटनाएं शामिल हैं, जिसके कारण उसकी निजता, गरिमा और प्रतिष्ठा का गंभीर उल्लंघन होता है, जो संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत संरक्षित हैं।

याचिका में आगे कहा गया है कि श्रृंखला के निर्माताओं ने इसे सार्वजनिक रूप से सच्ची घटनाओं पर आधारित, वास्तविक घटनाओं से प्रेरित और वास्तविक जीवन की कहानी के रूप में प्रचारित किया है। (Web Series UP 77)

सोशल मीडिया पर ‘यूपी 77’ का प्रचार

याचिकाकर्ता के अनुसार, ओटीटी प्लेटफॉर्म के आधिकारिक इंस्टाग्राम हैंडल पर अपलोड किए गए प्रचार क्लिप और सोशल मीडिया पोस्ट में बिना अनुमति के उनके दिवंगत पति, उनकी कथित गतिविधियों और मृत्यु, साथ ही उनके वैवाहिक संबंध, पारिवारिक जीवन और निजी बातचीत को स्पष्ट रूप से दर्शाया गया है।

गौरतलब है कि 8 पुलिसकर्मियों की हत्या करने वाले विकास दुबे का यूपी पुलिस ने 10 जुलाई को एनकाउंटर कर दिया था। इस वेब सीरीज के जरिये विकास दुबे की गैंगेस्टर बनने की कहानी को दिखाया जाएगा। बिकरु कांड के बाद यूपी एसटीएफ ने विकास दुबे समेत 6 बदमाशों को एनकाउंटर में मार गिराया था। (Web Series UP 77)

इस मामले में 36 आरोपी जेल में बंद है। बिकरु कांड के बाद तत्कालीन एसओ विनय तिवारी और दरोगा के के शर्मा पर मुखबिरी करने का आरोप लगे थे। वही एसआईटी जांच में भी विनय तिवारी और दारोगा दोषी पाए गए थे। दोनों पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था।


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