UP Mission Employment: सिफारिश और घूस के दौर से ‘मेरिट’ के युग तक का सफर, कैसे बदली उत्तर प्रदेश की साख?

UP Mission Employment

UP Mission Employment: उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक समय था जब सरकारी नौकरी का नाम आते ही पेपर लीक, भाई-भतीजावाद और भारी भ्रष्टाचार की तस्वीरें जेहन में उभरती थीं। लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का दावा है कि अब यूपी की तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है। गुरुवार को लोकभवन में आयोजित एक कार्यक्रम में आयुष और कौशल विकास विभाग के 481 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र बांटते हुए सीएम योगी ने स्पष्ट किया कि अब प्रदेश में नौकरी का एकमात्र पैमाना ‘मेरिट’ है। उन्होंने कहा कि पिछले 9 वर्षों में 9 लाख से ज्यादा सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं, जहाँ न जाति देखी गई, न धर्म और न ही किसी बड़े नेता की सिफारिश।

भ्रष्टाचार पर कड़ा प्रहार: ‘नो लीकेज, नो करप्शन’

योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में एक महत्वपूर्ण चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि “अगर एक गलत और भ्रष्ट व्यक्ति सिस्टम में घुस जाता है, तो वह अगले 30-35 साल तक पूरे ढांचे को खोखला कर देता है।” यही कारण है कि उत्तर प्रदेश सरकार ने भर्ती प्रक्रियाओं में टेक्नोलॉजी, ट्रांसपेरेंसी और एकाउंटेबिलिटी (पारदर्शिता और जवाबदेही) को प्राथमिकता दी है। लोक सेवा आयोग और अधीनस्थ सेवा चयन आयोग जैसे निकायों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि भर्ती प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर हेरफेर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पिछले 15 दिनों में यह चौथा बड़ा नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम है, जो सरकार की रोजगार के प्रति सक्रियता को दर्शाता है। UP Mission Employment

इकोनॉमिक ग्रोथ इंजन: बॉटम-3 से टॉप-3 तक का सफर

योगी सरकार अब खुद को केवल ‘लॉ एंड ऑर्डर’ वाली सरकार नहीं, बल्कि एक ‘इकोनॉमिक पावरहाउस’ के रूप में पेश कर रही है। मुख्यमंत्री के अनुसार:

  • MSME हब: यूपी अब 96 लाख से अधिक इकाइयों के साथ देश का सबसे बड़ा MSME हब बन चुका है, जिसमें 3 करोड़ से ज्यादा लोगों को रोजगार मिला है।
  • औद्योगिक विस्तार: पिछले 9 वर्षों में बड़े उद्योगों की संख्या 14 हजार से बढ़कर 32 हजार के पार पहुँच गई है।
  • अर्थव्यवस्था: यूपी अब एक ‘रेवेन्यू सरप्लस’ राज्य है और इसकी प्रति व्यक्ति आय व वार्षिक बजट में तीन गुना तक की वृद्धि हुई है। UP Mission Employment

फ्यूचर-रेडी यूपी: स्किलिंग और नई टेक्नोलॉजी

सरकार अब केवल पारंपरिक डिग्रियों पर निर्भर नहीं है। ‘टाटा टेक्नोलॉजीज’ के साथ साझेदारी में 150 से ज्यादा ITI संस्थानों को आधुनिक बनाया गया है। अब यूपी के युवा Artificial Intelligence (AI), ड्रोन टेक्नोलॉजी, साइबर सिक्योरिटी और रोबोटिक्स जैसे फ्यूचर-ओरिएंटेड कोर्स कर रहे हैं। सीएम योगी का मानना है कि आने वाले समय में ‘स्किल’ ही सबसे बड़ा हथियार होगी, इसलिए इंडस्ट्री की मांग के हिसाब से मैनपावर तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है। UP Mission Employment

हेल्थ टूरिज्म और दिव्यांगजन सशक्तिकरण

आयुष विभाग का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पारंपरिक चिकित्सा पद्धति अब केवल इलाज नहीं, बल्कि ‘हेल्थ टूरिज्म’ का एक बड़ा केंद्र बन सकती है। उन्होंने आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के सुदृढ़ीकरण और किसानों से औषधीय पौधों की खेती बढ़ाने की अपील की। वहीं, दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग के माध्यम से सरकार दिव्यांगों को उनकी कमजोरी नहीं बल्कि क्षमता के आधार पर मंच प्रदान कर रही है, जिसके लिए बंद पड़े जिला पुनर्वास केंद्रों (DRC) को दोबारा सक्रिय किया गया है। UP Mission Employment

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