UP Election 2027: ‘इस बार भाजपा 300 पार…’, यूपी चुनाव से पहले डिप्टी सीएम केशव मौर्य का बड़ा दावा UP को मिलेंगे 4 नए लिंक एक्सप्रेसवे… रोबोटिक्स पार्क और साइबर सेंटर को मंजूरी; योगी सरकार ने 22 प्रस्तावों पर लगाई मुहर UP Election 2027: ‘ओवैसी यूपी के लिए बहुत उत्तम, योगी को फायदा होगा’, बाबा रामदेव के बयान से प्रदेश की सियासत में हलचल यूपी में Cyclone Arnab का खतरा! 40-50 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, इन जिलों में IMD का अलर्ट; किसानों को दी गई खास सलाह Microsoft का बड़ा फैसला! 60,000 कर्मचारियों को नौकरी छोड़ने का ऑफर, भारत पर भी पड़ सकता है असर MLC Election Result 2026: यूपी, बिहार समेत 4 राज्यों की 28 सीटों पर मतगणना, जानें कहां किसके बीच मुकाबला
UP Election 2027: ‘इस बार भाजपा 300 पार…’, यूपी चुनाव से पहले डिप्टी सीएम केशव मौर्य का बड़ा दावा UP को मिलेंगे 4 नए लिंक एक्सप्रेसवे… रोबोटिक्स पार्क और साइबर सेंटर को मंजूरी; योगी सरकार ने 22 प्रस्तावों पर लगाई मुहर UP Election 2027: ‘ओवैसी यूपी के लिए बहुत उत्तम, योगी को फायदा होगा’, बाबा रामदेव के बयान से प्रदेश की सियासत में हलचल यूपी में Cyclone Arnab का खतरा! 40-50 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, इन जिलों में IMD का अलर्ट; किसानों को दी गई खास सलाह Microsoft का बड़ा फैसला! 60,000 कर्मचारियों को नौकरी छोड़ने का ऑफर, भारत पर भी पड़ सकता है असर MLC Election Result 2026: यूपी, बिहार समेत 4 राज्यों की 28 सीटों पर मतगणना, जानें कहां किसके बीच मुकाबला

सपा के गढ़ आजमगढ़ में ओपी राजभर की हुंकार, 29 नवंबर को बनाया महारैली का प्लान; NDA के बड़े चेहरे होंगे शामिल

UP Politics

UP Politics: उत्तर प्रदेश की सियासत में समाजवादी पार्टी के मजबूत किले को ढहाने के लिए एक बड़े राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन का ऐलान किया गया है। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के प्रमुख और प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री ओपी राजभर ने 29 नवंबर 2026 को आजमगढ़ के आईटीआई मैदान में एक विशाल ‘सामाजिक समरसता महारैली’ आयोजित करने की घोषणा की है। इस रैली का मकसद आजमगढ़ को समाजवादी पार्टी (सपा) का अभेद्य गढ़ बताने वाले दावों और लोगों के भ्रम को पूरी तरह से खत्म करना है।

UP Politics: सपा के गढ़ को सीधी चुनौती

उत्तर प्रदेश की राजनीति में आजमगढ़ को हमेशा से समाजवादी पार्टी और खासतौर से यादव परिवार का एक मजबूत राजनीतिक केंद्र माना जाता रहा है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ओम प्रकाश राजभर ने अखिलेश यादव पर सीधा निशाना साधते हुए कहा है कि इस महारैली के बाद लोगों को यह भी पता नहीं चलेगा कि समाजवादी पार्टी जिले में कहाँ गायब हो गई।

राजभर का दावा है कि आजमगढ़ को केवल एक जाति या दल का गढ़ कहना गलत है, क्योंकि यहाँ राजभर, निषाद, बिंद, पाल, प्रजापति, चौहान और ब्राह्मण समेत हर वर्ग के लोग निवास करते हैं। इस महारैली के जरिए सुभासपा और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) मिलकर सपा के इस पारम्परिक वोट बैंक में बड़ी सेंध लगाने की तैयारी में हैं। (UP Politics)

2027 विधानसभा चुनाव का शंखनाद

इस महारैली को 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए एनडीए के प्रचार अभियान का एक महत्वपूर्ण शंखनाद माना जा रहा है। आजमगढ़ की सभी 10 विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज करने का लक्ष्य रखते हुए राजभर ने दावा किया है कि वह सपा को वापस 2017 जैसी सीटों की संख्या वाली स्थिति में लाकर खड़ा कर देंगे।

सुभासपा के कार्यकर्ता जिले के विभिन्न ब्लॉकों जैसे पवई और फूलपुर में लगातार जनचौपाल आयोजित कर रहे हैं ताकि इस रैली में भारी जनसैलाब जुटाया जा सके। राजभर का गणित है कि जिले की प्रत्येक विधानसभा सीट से अगर 10,000 लोग भी शामिल होते हैं, तो महारैली में आसानी से एक लाख से अधिक लोगों की ऐतिहासिक भागीदारी होगी। (UP Politics)

एनडीए की पूरी ताकत और बड़े चेहरों की मौजूदगी

इस ‘सामाजिक समरसता महारैली’ में सुभासपा के साथ-साथ उसकी सहयोगी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) भी अपनी पूरी संगठनात्मक ताकत झोंकने जा रही है। जानकारी के मुताबिक, इस मंच पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, बीजेपी के वरिष्ठ राष्ट्रीय नेता और केंद्रीय पदाधिकारी शामिल होंगे।

रैली में केवल पिछड़ा और अति-पिछड़ा वर्ग ही नहीं, बल्कि अगड़ी जातियों को भी साथ जोड़ने की रणनीति है। इसके पहले आयोजित कार्यक्रमों की तर्ज पर ब्राह्मण समाज के लिए भी एक विशेष मंच बनाकर सर्वसमाज की समरसता का संदेश दिया जाएगा। मंच से रोहिणी आयोग की रिपोर्ट के आधार पर पिछड़ा वर्ग आरक्षण के वर्गीकरण (7, 9 और 11 श्रेणियों में विभाजन) जैसे बड़े मुद्दों पर जनता का समर्थन जुटाने की योजना है। (UP Politics)

विकास कार्यों के सहारे जनता के बीच पैठ

राजनीतिक बयानों के अलावा, राजभर आजमगढ़ के स्थानीय विकास कार्यों को भी इस चुनावी समर में भुनाने की कोशिश कर रहे हैं। हाल ही में क्षेत्र की दो बड़ी और जर्जर सड़कों (अहिरौला खंड और सिकंदरपुर नरिया खंड) के चौड़ीकरण व निर्माण के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा लगभग 68 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।

सुभासपा इन बुनियादी विकास कार्यों और बेहतर कनेक्टिविटी को अपनी प्रमुख उपलब्धियों के रूप में पेश कर रही है। पार्टी का दावा है कि इन सुधारों से लखनऊ से आजमगढ़ की यात्रा का समय 6 घंटे से घटकर 3 घंटे रह गया है। इसके जरिए वह कानून-व्यवस्था और विकास के मुद्दों पर सपा शासन को घेरने की कोशिश कर रही है। (UP Politics)





Vaishali
Author: Vaishali

Comments are closed.

और पढ़ें