Bareilly Violence: उत्तर प्रदेश के बरेली में शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद ‘आई लव मोहम्मद’ विवाद ने तूल पकड़ लिया। करीब तीन घंटे तक बवाल हुआ, स्थिति तब बिगड़ गई जब प्रदर्शनकारी इस्लामिया मैदान में जाने की जिद पर अड़ गए और पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। भीड़ ने नारेबाजी शुरू कर दी और पथराव किया, जिसके जवाब में पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले दागे।
Bareilly Violence: बरेली हिंसा पर सीएम योगी का बयान
इस मामले में यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि कल बरेली में एक मौलाना भूल गया कि राज्य में सत्ता किसकी है। लखनऊ में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले जब भी त्योहारों का मौसम आता था, हिंसा शुरू हो जाती थी। कभी-कभी लोग अपनी बुरी आदतें नहीं छोड़ पाते। इसलिए, उनके लिए ‘डेंटिंग-पेंटिंग’ की ज़रूरत है ताकि हम उनकी बुरी आदतों को सुधार सकें।
सीएम योगी ने कहा कि कानून व्यवस्था को बिगाड़ने का कोई भी प्रयास बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आपने कल बरेली में यह देखा होगा। मौलाना (मौलाना तौकीर रजा खान) भूल गए कि किसकी सरकार सत्ता में है और उन्होंने सोचा कि वह धमकी दे सकते हैं और सड़कें अवरुद्ध कर सकते हैं। (Bareilly Violence)
हमने कहा था कि न जाम होगा और न ही कर्फ्यू । लेकिन हम आपको ऐसा सबक सिखाएंगे कि आपकी आने वाली पीढ़ियां दंगे भूल जाएंगी। 2017 के बाद, हमने कर्फ्यू भी नहीं लगने दिया, लेकिन ऐसे अवरोधों से उनकी समझ में आने वाली भाषा में बात की गई और उन्हें दंडित भी किया गया। उत्तर प्रदेश की विकास कहानी यहीं से शुरू होती है।
Bareilly Violence: क्या हैं पूरा मामला?
शुक्रवार को बरेली में दोपहर की नमाज के बाद एक विरोध प्रदर्शन के हिंसक हो जाने से कम से कम 22 पुलिसकर्मी घायल हो गए। भीड़ ने सुरक्षाकर्मियों पर पथराव किया। आई लव मुहम्मद अभियान के समर्थन में प्रदर्शन करने के लिए आला हज़रत दरगाह और इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल के प्रमुख मौलाना तौकीर रज़ा खान के आवास के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई थी। पुलिस इलाके में फ्लैग मार्च कर रही थी, तभी कुछ उपद्रवी नारे लगाते और पत्थर फेंकते हुए वहाँ पहुँच गए।
बरेली रेंज के महानिरीक्षक (आईजी) अजय साहनी ने बताया कि शांति सुनिश्चित करने के लिए पुलिस सुबह से ही लोगों से बातचीत कर रही थी। उन्होंने कहा, “आज सुबह से ही पुलिस लगातार लोगों से बात कर रही थी। उन्हें शांतिपूर्वक नमाज़ पढ़ने और फिर घर जाने के लिए कहा गया था। 90 से 95 प्रतिशत लोगों ने शांतिपूर्वक नमाज़ पढ़ी और घर चले गए। अचानक कुछ उपद्रवी आ गए और पथराव और गोलीबारी शुरू कर दी। इस घटना की व्यापक वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी की गई और कुछ गिरफ्तारियाँ भी हुई हैं।”
साहनी ने आगे कहा कि शहर में तीन-चार जगहों पर हिंसा भड़की और यह ‘एक साज़िश’ का हिस्सा लग रहा है। उन्होंने कहा कि 22 से ज़्यादा पुलिसकर्मी घायल हुए। एक साज़िश रची गई थी, इसीलिए इतने सारे लोग अचानक तैयार होकर सामने आ गए।। इस तरह के जमावड़े की कोई इजाज़त नहीं दी गई थी। (Bareilly Violence)
मौलाना तौकीर रजा खां समेत आठ आरोपी गिरफ्तार
बरेली में शुक्रवार को हुए बवाल के बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने शनिवार को मौलाना तौकीर रजा खां समेत आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें मौलाना के समर्थक और बरातघर संचालक फरहत और उसके बेटे भी शामिल हैं। पुलिस ने अलग-अलग थानों में छह मुकदमे दर्ज किए हैं और मौलाना तौकीर को एक मुकदमे में आरोपी बनाया गया है।
गिरफ्तार किए गए लोग
- मौलाना तौकीर रजा खां: आईएमसी प्रमुख
- फरहत और उसके बेटे: बरातघर संचालक
- सरफराज, मनीफुद्दीन, अजीम अहमद, मोहम्मद शरीफ, मोहम्मद आमिर, रेहान, मोहम्मद सरफराज: मौलाना के समर्थक
48 घंटे के लिए इंटरनेट सेवा बंद करने के आदेश
पुलिस ने 36 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। इस बीच, जिले में 48 घंटे के लिए इंटरनेट सेवा बंद करने के आदेश जारी किए गए हैं। पुलिस ने बताया कि घटना में 22 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं और भीड़ ने सुनियोजित साजिश के तहत पथराव और फायरिंग की।
मौलाना का वीडियो बयान
मौलाना तौकीर रजा खां ने शुक्रवार रात वीडियो जारी कर कहा कि अतीक और अशरफ की तरह मुझे गोली मार दो, मोहम्मद के नाम पर मरना कबूल है। उन्होंने मुसलमानों को मुबारकबाद पेश करते हुए घटना को साजिश करार दिया और कहा कि यह मामला जितना दबाया जाएगा, उतना ही उभरेगा। (Bareilly Violence)









