South Africa: दक्षिण अफ्रीका के गौतेंग प्रांत से एक बेहद दहला देने वाली वारदात सामने आई है। यहाँ के जोहान्सबर्ग के दक्षिण-पश्चिम में स्थित वेडेला टाउनशिप के एक बार में शनिवार रात करीब 9:30 बजे अज्ञात हमलावरों ने अंधाधुंध गोलीबारी की, जिसमें 17 लोगों की मौत हो गई और 15 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। शुरुआती पुलिस रिपोर्टों के अनुसार, हमलावर अत्याधुनिक AK-47 असॉल्ट राइफल और पिस्तौल जैसे खतरनाक हथियारों से लैस होकर आए थे।
South Africa में खूनी सन्नाटा, बार में AK-47 से अंधाधुंध फायरिंग
दक्षिण अफ्रीका के गौतेंग प्रांत स्थित वेडेला टाउनशिप में शनिवार की रात खुशियों और पार्टी के माहौल के बीच अचानक चीख-पुकार और मौत का तांडव शुरू हो गया। एक स्थानीय बार में वीकेंड का जश्न मना रहे लोगों पर आठ अज्ञात हमलावरों ने अचानक गोलियों की बौछार कर दी। इस भीषण और बर्बर हमले में 17 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 15 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
जब मौत बनकर बरसीं गोलियाँ
दक्षिण अफ्रीकी (South Africa) पुलिस सेवा (SAPS) द्वारा जारी आधिकारिक बयानों के मुताबिक, घटना शनिवार रात करीब 9:30 बजे (स्थानीय समयानुसार) की है। वेडेला टाउनशिप के एक व्यस्त बार के बाहर कुछ लोग बैठकर ड्रिंक कर रहे थे और बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान दो अज्ञात वाहनों में सवार होकर आठ नकाबपोश बंदूकधारी वहाँ पहुँचे।
हमलावरों ने बिना किसी चेतावनी के सबसे पहले बार के बाहर बैठे लोगों को निशाना बनाया। इसके बाद वे अंधाधुंध गोलियाँ चलाते हुए बार के अंदर घुस गए। चश्मदीदों के मुताबिक, हमलावरों के पास ‘AK-47 असॉल्ट राइफल’ और कई पिस्तौलें थीं। बार के संकरे गलियारों और कमरों में मौजूद लोगों को भागने या छिपने का मौका तक नहीं मिला और हमलावरों ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं।
लूटपाट और आगजनी के बाद हुए फरार
इस सामूहिक हत्याकांड की क्रूरता सिर्फ गोलीबारी तक ही सीमित नहीं रही। पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि अंधाधुंध गोलियां चलाने के बाद हमलावरों ने लहूलुहान पड़े पीड़ितों और अन्य ग्राहकों की तलाशी ली और उनके मोबाइल फोन लूट लिए। वारदात को अंजाम देने के बाद, हमलावरों ने बाहर खड़ी दो गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया और अपनी दो कारों में बैठकर मौके से फरार हो गए। (South Africa)
सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और आपातकालीन चिकित्सा सेवा की टीमें भारी सुरक्षा बल के साथ मौके पर पहुँचीं। हालांकि, तब तक बहुत देर हो चुकी थी। मेडिकल टीमों ने घटनास्थल पर ही 17 लोगों को मृत घोषित कर दिया, जिनमें 13 पुरुष और 4 महिलाएं शामिल हैं। इसके अलावा, 15 लोग गोली लगने से गंभीर रूप से जख्मी हुए हैं। कुछ पीड़ितों की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है, जिससे मौतों का आंकड़ा बढ़ने की आशंका है।
जांच में जुटी पुलिस: बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन जारी
इस सनसनीखेज वारदात के बाद पूरे गौतेंग प्रांत में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। पुलिस ने हमलावरों को पकड़ने के लिए एक विशेष टास्क फोर्स का गठन किया है और व्यापक स्तर पर ‘मैनहंट’ शुरू किया है। हालांकि, घटना के कई घंटे बीत जाने के बाद भी अब तक किसी भी संदिग्ध की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।पुलिस के अनुसार, हमले का सटीक मकसद अभी तक साफ नहीं हो पाया है। (South Africa)
दक्षिण अफ्रीका में गहराता गन-कल्चर और हिंसा
यह गोलीबारी दक्षिण अफ्रीका (South Africa) के लिए कोई नई बात नहीं है। करीब 62 मिलियन की आबादी वाले इस देश में सख्त गन कानूनों के बावजूद अवैध हथियारों की बाढ़ आई हुई है। दक्षिण अफ्रीका दुनिया में सबसे अधिक हत्या दर वाले देशों में से एक है, जहाँ औसतन प्रतिदिन 60 से अधिक लोग आपराधिक हिंसा में अपनी जान गंवाते हैं। गौर करने वाली बात यह है कि इस घटना से ठीक चार दिन पहले यानी 22 सितंबर को डरबन के पास क्वा-मखुथा इलाके में भी एक हाउस पार्टी के दौरान तीन बंदूकधारियों ने एक घर में घुसकर अंधाधुंध फायरिंग की थी, जिसमें एक गर्भवती महिला सहित 11 लोगों की मौत हो गई थी।
इसके अलावा, इस घटना के कुछ ही घंटों बाद केपटाउन के पास ल्वांडले इलाके में एक अन्य दुकान में हुई गोलीबारी में 10 और लोगों की मौत की खबर सामने आई है। एक के बाद एक हो रहे इन सामूहिक नरसंहारों ने देश की कानून-व्यवस्था और राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा की प्रशासनिक रणनीति पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।









